चमोली।
भारत-तिब्बत सीमा से सटे सीमांत क्षेत्र नीति घाटी में रविवार से दो दिवसीय ‘नीति एक्सट्रीम अल्ट्रा रन-2026’ का भव्य शुभारंभ हो गया है। उत्तराखंड पर्यटन विभाग और भारतीय सेना के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस विशिष्ट खेल एवं पर्यटन कार्यक्रम का संचालन 31 मई और एक जून तक किया जाएगा। इस आयोजन का प्राथमिक उद्देश्य उच्च हिमालयी क्षेत्रों में साहसिक पर्यटन (एडवेंचर टूरिज्म) को बढ़ावा देना और सीमांत क्षेत्रों की समृद्ध सांस्कृतिक एवं प्राकृतिक विरासत को राष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है। इस प्रतियोगिता में हिस्सा लेने के लिए देशभर से बड़ी संख्या में पेशेवर और शौकिया धावक नीति घाटी पहुंचे हैं, जो विभिन्न श्रेणियों में अपनी दावेदारी पेश कर रहे हैं।

कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ प्रदेश के कैबिनेट मंत्री भरत सिंह चौधरी ने हरी झंडी दिखाकर किया। इस अवसर पर गृह सचिव शैलेश बगोली और पर्यटन सचिव धीराज सिंह गर्ब्याल सहित अन्य वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि भी उपस्थित रहे। दिलचस्प यह रहा कि मंत्री और सचिवों ने भी प्रतिभागियों के साथ दौड़ लगाकर धावकों का उत्साहवर्धन किया। आयोजन समिति के अनुसार, इस अल्ट्रा रन में धावकों के लिए 75 किलोमीटर, 42 किलोमीटर, 21 किलोमीटर, 10 किलोमीटर और 5 किलोमीटर की विभिन्न दूरी की श्रेणियां निर्धारित की गई हैं। इस चुनौतीपूर्ण ट्रैक पर दौड़ लगाते हुए प्रतिभागियों को नीति घाटी की अद्वितीय प्राकृतिक सुंदरता और कठिन भौगोलिक परिस्थितियों का करीब से अनुभव मिल रहा है।
आयोजकों ने स्पष्ट किया कि यह प्रतियोगिता केवल एक खेल आयोजन भर नहीं है, बल्कि यह देश के विभिन्न हिस्सों से आए प्रतिभागियों को सीमांत नीति घाटी की स्थानीय संस्कृति, परंपराओं और प्राकृतिक विरासत से रूबरू होने का एक सुनहरा अवसर भी प्रदान कर रही है। वहीं, भारत-तिब्बत सीमा के निकट आयोजित हो रहे इस बड़े कार्यक्रम को देखते हुए चमोली पुलिस ने भी सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए हैं। पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार के प्रत्यक्ष निर्देशन में आयोजन स्थल, संपूर्ण रनिंग रूट और संवेदनशील स्थानों पर पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की गई है।
खिलाड़ियों, पर्यटकों और स्थानीय नागरिकों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए विशेष पुलिस टीमें गठित की गई हैं। यातायात के सुचारु संचालन और किसी भी आपातकालीन परिस्थिति से तुरंत निपटने के लिए पुलिस बल को पूरी तरह से अलर्ट पर रखा गया है। इसके अतिरिक्त, कार्यक्रम की शुरुआत से पहले सभी प्रतिभागियों, प्रशासनिक अधिकारियों और स्थानीय नागरिकों ने मिलकर एक नशामुक्त समाज के निर्माण का सामूहिक संकल्प भी लिया। इस आयोजन के माध्यम से राज्य के युवाओं को खेल, स्वास्थ्य और एक सकारात्मक जीवनशैली की ओर प्रेरित करने का भी एक सार्थक सामाजिक संदेश दिया गया है।
