देहरादून:
उत्तराखंड लोक भवन में इस बार भी हर साल की तरह तीन दिवसीय वसन्तोत्सव 2026 का आयोजन किया जाएगा। उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग की ओर से 27 फरवरी से 1 मार्च तक आयोजित इस उत्सव में प्रकृति और पुष्पों के माध्यम से मानसिक, शारीरिक एवं सामाजिक कल्याण को दर्शाया जाएगा। साथ ही भोज पत्र के सांस्कृतिक, ऐतिहासिक एवं औषधीय महत्व पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। आम जनता इस आयोजन का निशुल्क आनंद उठा सकती है।

वसन्तोत्सव-2026 की सबसे बड़ी खासियत यह है कि पहली बार इसमें हाइड्रोपोनिक कल्टीवेशन टेक्नोलॉजी डेमोंस्ट्रेशन प्रतियोगिता में सॉइल लेस तकनीक को भी शामिल किया गया है। इस अवसर पर भोज पत्र को स्पेशल पोस्ट कवर के रूप में चुना गया है, जिसका विमोचन राज्यपाल द्वारा कार्यक्रम के दौरान किया जाएगा। दिल्ली समेत अन्य राज्यों के पुष्प व्यवसाय से जुड़े लोगों को भी प्रदर्शनी में आमंत्रित किया गया है। इसके अलावा दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, हरियाणा और उत्तर प्रदेश के उद्यान विभाग तथा केंद्र सरकार के संस्थानों को भी अपनी उपलब्धियां और अनुसंधान प्रदर्शित करने के लिए बुलाया गया है।
लोक भवन में आयोजित इस तीन दिवसीय वसन्तोत्सव में प्रदेश के 30 से अधिक विभाग भाग लेंगे। पहली बार रिदमिक योगा कार्यक्रम के लाइव प्रदर्शन के लिए राष्ट्रीय दृष्टि दिव्यांगजन सशक्तिकरण संस्थान, देहरादून और निरामया योग्य रिसर्च फाउंडेशन, हरिद्वार को आमंत्रित किया गया है। साथ ही इस वर्ष वसन्तोत्सव पूरी तरह से प्लास्टिक मुक्त रखा जाएगा। मौसम विभाग का स्टाल भी लगाया जाएगा, जहां मौसम से संबंधित जानकारी उपलब्ध रहेगी। देहरादून शहर के विभिन्न मार्गों पर फूलों से सजे होर्डिंग्स के माध्यम से वसन्तोत्सव का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाएगा।
इस आयोजन के दौरान आम जनता और कृषकों में पुष्प उत्पादन के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए कुल 15 प्रतियोगिताओं की 55 उपश्रेणियां आयोजित की जाएंगी। इनमें प्रथम, द्वितीय और तृतीय पुरस्कार विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा। कुल मिलाकर 165 पुरस्कार विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त कृषि एवं कृषि कल्याण के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले तीन श्रेष्ठ कृषक, तीन महिला कृषक और तीन स्टार्टअप के जरिए उत्कृष्ट कार्य कर रहे युवाओं को राज्यपाल द्वारा सम्मानित किया जाएगा। इन सभी के चयन के लिए एक समिति का गठन भी किया जाएगा।
उद्यान एवं खाद्य प्रसंस्करण विभाग के सचिव एसएन पांडेय ने बताया कि राज्यपाल ने आज वसन्तोत्सव 2026 का कर्टेन रेजर किया है। 27 फरवरी से 1 मार्च तक लोक भवन में आयोजित इस कार्यक्रम के लिए थीम निर्धारित की गई है। कार्यक्रम में भोजपत्र के संरक्षण और संवर्द्धन पर विशेष फोकस रहेगा। इस दौरान 15 कैटेगरी में कुल 165 विजेताओं को सम्मानित किया जाएगा।
