देहरादून:
मुख्य निर्वाचन अधिकारी डॉ. बी.वी.आर.सी पुरुषोत्तम ने सचिवालय में आगामी विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) की तैयारियों को लेकर सभी जनपदों के जिलाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से समीक्षा बैठक की। इस बैठक में उन्होंने उत्तराखंड के सभी जनपदों की प्रशासनिक तैयारियों का जनपदवार विस्तृत आकलन किया।

मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि आगामी अप्रैल माह में उत्तराखंड में एसआईआर प्रस्तावित है, लेकिन देहरादून, उधमसिंह नगर और नैनीताल जनपदों में मतदाताओं की मैपिंग की प्रगति लक्ष्य के अनुरूप नहीं है। उन्होंने इन तीनों जनपदों के जिलाधिकारियों को कड़ा निर्देश दिया कि जिन बूथों पर मैपिंग प्रतिशत कम है, वहां संबंधित ईआरओ और जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाए।
डॉ. पुरुषोत्तम ने स्पष्ट किया कि एसआईआर के कार्य में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी जनपदों को एसआईआर की तैयारियों के लिए बूथ अवेयरनेस ग्रुप (BAG) के गठन की समयसीमा के भीतर पूरी करने के निर्देश भी दिए।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि वर्तमान में 77 प्रतिशत बूथों पर बूथ लेवल एजेंट्स (बीएलए) की तैनाती हो चुकी है, लेकिन शत प्रतिशत तैनाती के लिए राजनीतिक दलों के साथ पुनः बैठक कर आवश्यक कदम उठाए जाएं। उन्होंने एसआईआर हेल्पडेस्क के जिलों में तुरंत अतिरिक्त कार्मिकों की तैनाती करने का भी आदेश दिया।
बैठक में संयुक्त मुख्य निर्वाचन अधिकारी प्रकाश चंद्र, उप मुख्य निर्वाचन अधिकारी किशन सिंह नेगी, सभी जनपदों के जिलाधिकारी, अपर जिलाधिकारी, ईआरओ वर्चुअल रूप से शामिल हुए।
